अफगानिस्तान में फिर कांपी धरती : 5 अक्टूबर 2026 को 4.9 तीव्रता का भूकंप , हिंदू कुश क्षेत्र में महसूस हुए तेज झटके
5 अक्टूबर 2026 · लेखक: Gaurav kumar

5 अक्टूबर 2026 की सुबह अफगानिस्तान में एक बार फिर भूकंप के तेज झटकों ने लोगों को डरा दिया। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक आज तड़के 4.9 तीव्रता का भूकंप आया , जिसका केंद्र जमीन में काफी गहराई में था। इससे 4 दिन पहले 1 अक्टूबर को भी 5.3 तीव्रता का भूकंप आया था। अफगानिस्तान में बार-बार भूकंप क्यों आता है , आज कहाँ-कहाँ झटके महसूस हुए , किसी तरह के नुकसान की खबर है या नहीं और भूकंप के समय क्या करना चाहिए , इसकी पूरी जानकारी इस रिपोर्ट में दी गई है। तो चलिए पढ़ते है...
दोस्तों , अगर आप सुबह-सुबह न्यूज देख रहे थे तो आपने देखा होगा कि एक बार फिर अफगानिस्तान से एक डराने वाली खबर सामने आई है। जब हमारा पूरा देश त्योहारी सीजन की तैयारी में लगा है , तभी पड़ोसी देश अफगानिस्तान में धरती फिर से कांप गई । 5 अक्टूबर 2026 , सोमवार की सुबह - सुबह आए भूकंप ने लोगों की नींद उड़ा दी। मैं खुद सुबह से ही अपडेट्स चेक कर रहा था , तो हर तरफ इसी की चर्चा है कि आखिर कार हिंदू कुश क्षेत्र में इतने भूकंप क्यों आ रहे हैं । पिछले हफ्ते ही बड़ा झटका आया था और आज फिर ।
आज 5 अक्टूबर 2026 को क्या हुआ अफगानिस्तान में?
सबसे पहले बात करते हैं आज के ताजा भूकंप की , क्योंकि यही सबसे ज्यादा सर्च हो रहा है। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी ने X पर पोस्ट करके जानकारी दी है कि अफगानिस्तान में आज भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं । नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक , यह भूकंप आज के ही सुबह आया। इसकी डिटेल्स भी नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी ने शेयर की है - "EQ of M : 4.9 , On: 05/10/2026 01:57:24 IST , Lat: 36.602 N , Long: 71.084 E , Depth: 220 Km , Location : Afghanistan ," । इसका मतलब इसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 4.9 थी , और ये रात के 1 बजकर 57 मिनट पर आया था। सबसे खास बात ये है कि इसका केंद्र जमीन से 220 किलोमीटर गहराई में था , इसलिए इसे डीप फोकस भूकंप कहा जा रहा है। इसका एपिसेंटर अफगानिस्तान के बदख्शां प्रांत के पास बताया जा रहा है , जो कि हिंदू कुश पर्वत श्रृंखला का हिस्सा है । 4 अक्टूबर की रात को भी इसी इलाके के पास जर्म से 32 किलोमीटर दूर 4.8 तीव्रता का भूकंप रिकॉर्ड किया गया था।
अब बात करते हैं 4 दिन पहले आए उस भूकंप की जिसने अफगानिस्तान के कई इलाकों में बहुत ज्यादा दहशत फैलाई थी।
1 अक्टूबर 2026 को भी अफगानिस्तान के हिंदू कुश क्षेत्र में भूकंप आया था। जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज के मुताबिक उस दिन 5.3 तीव्रता का भूकंप आया था। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक वो भूकंप "Depth : 126 Km , Location : Afghanistan" पर था और काबुल से लगभग 165 किलोमीटर उत्तर - उत्तरपश्चिम में था। तो कुल मिलाकर पिछले 5 दिनों में अफगानिस्तान में ये दूसरा बड़ा झटका है , इसलिए लोग काफी डरे हुए हैं।
आखिर अफगानिस्तान में बार-बार भूकंप क्यों आता है ?
मैंने काफी जगह पढ़ा और एक्सपर्ट्स की रिपोर्ट देखी तो 3 मुख्य वजह समझ में आई।
1. हिंदू कुश है भूकंप का हॉटस्पॉट -- अफगानिस्तान का ज्यादातर हिस्सा हिंदू कुश पर्वत पर बसा है। ये दुनिया के सबसे एक्टिव भूकंप जोन में से एक है। यहाँ इंडियन टेक्टोनिक प्लेट और यूरेशियन प्लेट हर साल कुछ मिलीमीटर एक-दूसरे की तरफ खिसकती हैं। जब इन प्लेटों में टकराव होता है तो एनर्जी रिलीज होती है और भूकंप आता है।
2. डीप फोकस भूकंप -- आपने देखा होगा कि आज का भूकंप 220 किलोमीटर गहराई में था और 1 अक्टूबर वाला 126 किलोमीटर गहराई में था। इतनी गहराई में आने वाले भूकंपों का असर बहुत बड़े एरिया में महसूस होता है। इसीलिए अफगानिस्तान के भूकंप के झटके कई बार पाकिस्तान , ताजिकिस्तान और कश्मीर तक में महसूस होते हैं।
3. पुरानी और कमजोर इमारतें -- अफगानिस्तान में पहले से ही कई पुरानी मिट्टी और पत्थर से बनी इमारतें हैं । 2023 में हेरात में आए 6.3 तीव्रता के भूकंप में हजारों लोगों की जान गई थी उसकी बड़ी वजह यही कमजोर निर्माण था।
क्या किसी तरह के नुकसान की खबर है ?
अभी तक की सबसे राहत वाली बात ये है कि आज 5 अक्टूबर को आए 4.9 तीव्रता के भूकंप से किसी बड़े जान - माल के नुकसान की खबर सामने नहीं आई है। क्योंकि इसका केंद्र 220 किलोमीटर गहराई में था , इसलिए जमीन पर इसका असर कम रहा। लेकिन लोकल मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक काबुल , फैजाबाद और बदख्शां में लोगों ने झटके महसूस किए और कुछ देर के लिए घरों से बाहर निकल आए। सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हो रहे हैं जिसमें लोग घरों के बाहर खड़े दिख रहे हैं । सरकार और आपदा प्रबंधन की टीमें अभी भी नजर बनाए हुए हैं, क्योंकि हिंदू कुश में अक्सर एक बड़े भूकंप के बाद छोटे-छोटे झटके आते रहते हैं।
भूकंप के समय क्या करें और क्या न करें ?
देखिए , भूकंप को कोई नहीं रोक सकता , लेकिन समझदारी से जान बचाई जा सकती है। अगर आप कभी ऐसी जगह हैं जहाँ भूकंप आया है तो सबसे पहले घबराएं नहीं । अगर घर के अंदर हैं तो किसी मजबूत टेबल या बेड के नीचे छिप जाएं और सिर को हाथों से कवर कर लें। कभी भी लिफ्ट का इस्तेमाल मत करें। अगर घर के बाहर हैं तो बड़ी बिल्डिंगों , पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर खुले मैदान में चले जाएं। और हाँ , भूकंप के बाद भी कुछ देर घर के अंदर मत जाएं , क्योंकि तब भी छोटे - मोटे झटके आने का खतरा रहता है। भारत में भी नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है, क्योंकि हिंदू कुश का कनेक्शन हमारे कश्मीर और दिल्ली - NCR तक जुड़ा हुआ है । फिलहाल राहत की बात यही है कि गहराई ज्यादा होने की वजह से बड़ा नुकसान नहीं हुआ। लेकिन हिंदू कुश बेल्ट में अगले कुछ दिनों तक सतर्क रहने की जरूरत है।
याद रखिए, भूकंप का पता पहले नहीं चलता , इसलिए तैयारी पहले से रखनी चाहिये और कुछ बाते जो मैने पहले बताया उसे ध्यान में रखना ।
(तस्वीर: प्रतीकात्मक, AI से बनाई गई। यह घटनास्थल की तस्वीर नहीं है।)
